Section

1 लेखा शाखा

इस शाखा के प्रभारी अधिकारी सहायक लेखाधिकारी है। इस शाखा में दो कनिष्ठ लेखाकार है। एक वरिष्ठ लिपिक हैं जो केशियर का कार्य करते है। इस शाखा में मुख्यत: निम्न लिखित कार्य सम्पादित होते है।

1 समस्त प्रकार का लेन देन का कार्य
2 समस्त प्रशासनिक एवं वित्तिय सवीकृति जारी करना
3 समस्त निर्माण कार्यो का भुगतान करना
4 समस्त आय व्यय का संधारण करना
5 वार्षिक बजट तैयार करना

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भूखण्ड शाखा

1 प्रथम : रेल्वे लाईन का पूर्वी भाग
2 द्वितीय :

इस शाखा के प्रभारी सहायक लेखाधिकारी है। इस शाखा में सभी प्रकार के भूखण्डों का विक्रय (आवंटन द्वारा/नीलामी द्वारा) किया जाता है। सभी प्रकार के भुखण्डों की पत्रावलियों का संधारण किया जाता है। जिनमें आवंटन पत्र, कब्जा पत्र जारी करना व लीज डीड का निष्पादन को कार्य किया जाता है। भूखण्ड के नामान्तरण का कार्य, ऋण पत्र सम्बन्धी कार्य एवं पानी की एन.ओ.सी. का कार्य भी इसी शाखा से सम्पादित किया जाता है। नगरीय शुल्क मुक्ति का कार्य भ्ी किया जाता है।
3 हुडको शाखा (आवास गृह)
इस शाखा के प्रभारी अधिकारी सहायक लेखाधिकारी है। इस शाखा में समस्त प्रकार के आवास गृहों ई. डब्ल्यू.एस., एल.आई.जी.एच., एम.आई.जी.एच., बी.पी.एल. आदि को किश्तों का व नामान्तरण का कार्य किया जाता हैं तथा आवंटन का कार्य भी (जरिये लॉटरी) इसी शाखा से किया जाता है।
4 भूमि अवाप्ति शाखा
इस शाखा के प्रभारी अधिकारी तहसीलदार है। इस शाखा में विज्ञप्तियां जारी कर किसानों से भूमि अधिग्रहण का कार्य किया जाता है। अवार्ड जारी कर भुगतान की कार्यवाही कर भूमि न्यास के नाम करवाना इस शाखा का मुख्य कार्य है। भुगतान का कार्य दो प्रकार से किया जाता हैं :-
(अ.) नगद भुगतान
(ब.) भुमि के बदले भूमि (भूखण्डों के रूप् में सरकारी नियमानुसार प्रतिशत में)
5 समर्पण शाखा इस शाखा के प्रभारी विषेषाधिकारी न्यास है। इस शाखा में भूमि रूपान्तरण शाखा से जारी पों की समस्त कार्यवाही करना एवं नामान्तरण इत्यादि का कार्य करना है। न्यास द्वारा समर्पण योजना के अन्तर्गत आवंटित भूखण्डों की लीज डीड, नामन्तरण इत्यादि समस्त कार्य करना है।
6 नियमन शाखा
नियमन शाखा के प्रभारी विषेशाधिकारी न्यास है। इस शाखा का मुख्य कार्य है कृषि भुमि में बदलना है आवासीय भूखण्डों के पे बनाना, नामान्तरण, लीज डीड सम्पादित करना, बैंक ऋण पत्र जारी करना आदि इस शाखा के कार्य है।
7 विधि शाखा
इस शाखा के प्रभारी के मुख्य विधि सहायक है। इस शाखा का कार्य होता है जरूरत पड़ने पर विधिक राय देना एवं मुख्य कार्य है न्यायालय में चल रहे विवादों की न्यास की ओर से पैरवी करना।
8 प्लान व ड्राईंग शाखा

इस शाखा के प्रभारी अधिकारी उप नगर नियोजक है।
इस शाखा के निम्नलिखित कार्य है:-

1 समस्त योजनाओं का सर्वे कराकर ले-आउट प्लान तैयार करना, अनुमोदित कराने की कार्यवाही करना।
2 भू राजस्व अधिनियम की धारा 90बी के अन्तर्गत प्लान तैयार करना।
3 भू-उपयोग परिवर्तन की कार्यवाही करना।
4 मास्टर प्लान तैयार करना।
5 साईट प्लान तैयार करना।
6 योजनाओं की आरक्षित दर तैयार करना।

9 मानचित्र शाखा
इस शाखा के प्रभारी अधिकारी उप नगर नियोजक है। इस शाखा में मुख्यत: संस्थाओं को भूमि आवंटन का कार्य किया जाता है।
10 तकनीकी शाखा

इस शाखा के प्रभारी अधिकारी अति. मुख्य अभियंता है। इस शाखा में मुख्यत: निम्न प्रकार के कार्य सम्पादित किये जाते है:-

1 सभी प्रकार के विकास कार्य के तकमीने तैयार कर प्रशासनिक एवं वित्तिय स्वीकृत हेतु प्रस्ताव प्रस्तुत करना।

2 विकास कार्य के लिए निविदायें आमंत्रित कर निविदाओं को अनुमोदित कराकर कार्य आदेश जारी कराना।
3 सभी विकास कार्यो का भुगतान करवाना।
4 तकनीकी मामलों में सचिव, न्यास को राय प्रस्तुत करना।
11 स्टोर शाखा
इस शाखा के प्रभारी अधिकारी अधिषाशी अभियंता है। इस शाखा के मुख्य कार्य न्यास के लिए सामग्री क्रय करना एवं सम्बन्धित को आवष्यतकतानुसार जारी करना।
12 उद्यान शाखा इस शाखा के प्रभारी अधिकारी अधिषाशी अभियंता है तथा न्यास के सभी उद्यानों, चौराहों व डिवाईटरों में पौधारोपण का कार्य इसी ााखा द्वारा सम्पादित किया जाता है।
13 रोशनी शाखा इस शाखा के प्रभारी अधिकारी अधिषाशी अभियंता है। इस शाखा का कार्य सम्पूर्ण न्यास क्षैत्र में रोशनी सम्बन्धी व्यवस्था का है।
14 कम्प्यूटर शाखा इस शाखा के प्रभारी अधिकारी अधिषाशी अभियंता है। पूरे न्यास को कम्प्यूटराईज्ड करना इस शाखा का प्रमुख कार्य है।
15 संस्थापन शाखा
इस शाखा के प्रभारी अधिकारी सहायक लेखाधिकारी है। इस शाखा में सभी कार्यरत अधिकारियों एवं कर्मचारियों के सेवाभिलेख सम्पादित किये जाते है। वेतन, ऋण आदि का कार्य के साथ-साथ नियुक्तियों सम्बन्धी एवं सेवानिवृत्ति आदि का कार्य भी इसी शाखा से किया जाता है।